शुक्रवार, 8 जून 2007

उलटी हो गयीं सब तदबीरें कुछ तो दवा ने काम किया।
देखा इस बीमार - ए - दिल ने आख़िर काम तमाम किया।

अहद-ए-जवानी रो रो काटी, पीरीं मे लीं आंखें मूंद,
यानीं रात बहुत जागें थे, सुबह हुयी आराम किया।

-----------------मीर

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